1
बातों से कुछ होगा नहीं,
अरे कुछ करके दिखाओ |
प्रदूषण की बातें कम करो,
अरे एक पेड़ लगाओ |
जब तक न सम्भले उसे सहेजो,
लगाकर उसे भूल न जाओ |
श्रम से सींचो उसको,
प्रेम से उसे गले लगाओ|
बड़ा हो जायेगा तब फल देगा,
औरो के संग आप भी खाओ||
2
अश्वमेघ यज्ञ से बढ़कर है,
एक पेड़ लगाना |
सबसे ओछा काम है भैया,
हरे पेड़ गिराना |
मुक्ति प्रदूषण से पानी है,
तो हम ये कसम खाए |
जहाँ कही दिखे जगह,
हम एक पेड़ लगाएं ||
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